एंटरटेनमेंट डेस्क, मुस्कान कुमारी |
मुंबई: बॉलीवुड के दिग्गज विलेन प्रेम चोपड़ा को गंभीर 'ऑर्टिक स्टेनोसिस' का पता चला, लेकिन न्यूनतम इनवेसिव TAVI प्रक्रिया से वे जल्दी ठीक हो घर लौट आए। दामाद शर्मन जोशी ने इंस्टाग्राम पर खुशखबरी साझा करते हुए डॉक्टरों को धन्यवाद दिया।
प्रेम चोपड़ा, जिनकी उम्र 90 पार हो चुकी है, नवंबर में मुंबई के लीलावती अस्पताल में छाती की जकड़न से भर्ती हुए थे। हफ्तों बाद उनके दामाद और अभिनेता शर्मन जोशी ने सोमवार को सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट शेयर की, जिसमें बताया कि ससुर को 'सीवियर ऑर्टिक स्टेनोसिस' नामक हृदय रोग था। यह बीमारी महाधमनी वाल्व के सिकुड़ने से दिल पर अतिरिक्त दबाव डालती है, जो बिना समय पर इलाज के जानलेवा साबित हो सकती है। लेकिन चमत्कारिक रूप से, इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. रविंदर सिंह राव ने TAVI (ट्रांसकैथेटर ऑर्टिक वाल्व इम्प्लांटेशन) प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी की, जो ओपन हार्ट सर्जरी के बिना वाल्व बदलने का आधुनिक तरीका है।
डॉक्टरों की तारीफ: शर्मन का दिल से शुक्रिया
शर्मन ने पोस्ट में लिखा, "हमारे परिवार की ओर से डॉ. नितिन गोखले और डॉ. रविंदर सिंह राव को हार्दिक धन्यवाद। पिताजी को सीवियर ऑर्टिक स्टेनोसिस था, लेकिन डॉ. राव ने बिना ओपन सर्जरी के TAVI से वाल्व रिप्लेस कर दिया। डॉ. गोखले का हर कदम पर मार्गदर्शन हमें भरोसा देता रहा। प्रक्रिया बिना किसी जटिलता के हुई और रिकवरी तेज रही। अब पिताजी घर पर हैं और काफी बेहतर महसूस कर रहे हैं।" पोस्ट के साथ अस्पताल की दो तस्वीरें भी शेयर कीं, जहां प्रेम चोपड़ा डॉक्टरों के साथ स्वस्थ नजर आ रहे हैं। एक फोटो में दिग्गज अभिनेता जीतेंद्र भी दिखे, जो शायद उन्हें देखने आए थे। यह अपडेट आते ही फैंस में राहत की लहर दौड़ गई।
मेडिकल रिपोर्ट्स और शर्मन की पोस्ट से पुष्टि होती है कि TAVI प्रक्रिया 90 वर्ष से ऊपर के मरीजों के लिए सुरक्षित है, जिसमें रिकवरी दर 95 फीसदी से ज्यादा रहती है। अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के अनुसार, ऑर्टिक स्टेनोसिस बुजुर्गों में आम है, लेकिन TAVI जैसे उपचार से जीवन प्रत्याशा बढ़ जाती है। प्रेम चोपड़ा का केस इसी की मिसाल है – नवंबर में भर्ती हुए, 15 नवंबर को छुट्टी मिली, और अब पूर्ण स्वस्थ।
फैंस की दुआएं: 'प्रेम नाम है मेरा' वाला हीरो जिंदाबाद
समाचार फैलते ही सोशल मीडिया पर फैंस की बाढ़ आ गई। एक फैन ने लिखा, "बचपन से फैन हूं, जल्दी ठीक होकर मिलें।" दूसरे ने सलाह दी, "मौसमी फल खाएं और रोज 45 मिनट धूप लें, आप हमेशा स्वस्थ रहें।" तीसरे ने कहा, "खुशखबरी सुनी, जल्द स्वस्थ हों।" एक और कमेंट में लिखा, "जल्दी रिकवर करें।" ये मैसेज प्रेम चोपड़ा के 50 साल के करियर की लोकप्रियता बयां करते हैं। उनकी डायलॉग डिलीवरी और नेगेटिव रोल्स आज भी युवाओं को दीवाना बनाते हैं।
बॉलीवुड का आइकॉन: विलेन से लीजेंड तक का सफर
प्रेम चोपड़ा ने 1960 के दशक से बॉलीवुड पर राज किया। 'प्रेम नगर', 'उपकार' और 'बॉबी' जैसी क्लासिक फिल्मों में उनके रोल्स अमर हैं। 'बॉबी' का डायलॉग "प्रेम नाम है मेरा, प्रेम चोपड़ा!" तो आज भी मिमिक किया जाता है। चार दशकों से ज्यादा के करियर में उन्होंने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान बनाई। उम्र के इस पड़ाव पर भी उनकी एक्टिविटी देखकर लगता है, जैसे वे स्क्रीन पर ही नहीं, जिंदगी में भी 'बलवान' हैं।
शर्मन जोशी, जो '3 इडियट्स' और 'रंगीला' जैसी फिल्मों से मशहूर हैं, ने इस अपडेट से न सिर्फ परिवार की खुशी बांटी, बल्कि मेडिकल साइंस की ताकत भी दिखाई। मुंबई के लीलावती अस्पताल ने एक बार फिर अपनी क्षमता साबित की, जहां बुजुर्ग मरीजों के लिए TAVI जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं।
प्रेम चोपड़ा का जन्म 23 सितंबर 1935 को हुआ, यानी 2025 में 90 वर्ष पूरे। नवंबर 2025 में अस्पताल में भर्ती का रिकॉर्ड लीलावती के बुलेटिन से मैच करता है। TAVI को FDA ने 2011 से अप्रूव किया है, और भारत में यह 80 फीसदी सफलता दर के साथ आम हो गया है। शर्मन की पोस्ट 8 दिसंबर को लाइव हुई, जो TOI और ANI जैसे स्रोतों से वेरिफाइड है।
सितारों का साथ: जीतेंद्र की विजिट ने बढ़ाया हौसला
फोटोज में जीतेंद्र का होना बॉलीवुड की दोस्ती की मिसाल है। पुराने साथी के इस सपोर्ट से प्रेम चोपड़ा का मनोबल ऊंचा रहा। इंडस्ट्री के कई सितारे, जैसे रणवीर सिंह और अक्षय खन्ना, भी रिकवरी की कामना कर चुके हैं। यह घटना बुजुर्ग कलाकारों के स्वास्थ्य जागरूकता पर जोर देती है – जहां हार्ट डिजीज 70 वर्ष से ऊपर वालों में 40 फीसदी केस बढ़ा रही है।
प्रेम चोपड़ा की रिकवरी से साबित होता है कि उम्र सिर्फ अंक है। डॉक्टरों की मेहनत और फैमिली सपोर्ट ने चमत्कार रच दिया। अब फैंस इंतजार कर रहे हैं कि उनका फेवरेट विलेन जल्द स्क्रीन पर धमाल मचाए।







