लोकल डेस्क, नीतीश कुमार।
पूर्वी चंपारण। मोतिहारी में भ्रष्टाचार के खिलाफ निगरानी विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शुक्रवार, 19 दिसंबर को केसरिया प्रखंड में तैनात आंगनबाड़ी पर्यवेक्षिका अंबालिका कुमारी को 4 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के बाद आंगनबाड़ी विभाग में हड़कंप मच गया है।
पोषाहार भुगतान के बदले मांगी थी घूस
निगरानी डीएसपी अखिलेश कुमार के अनुसार, केसरिया प्रखंड के मठिया स्थित आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 141 की सेविका रीता कुमारी के पति जनार्धना प्रसाद कुशवाहा ने निगरानी विभाग में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि केंद्र के पोषाहार मद में लंबित 13,500 रुपये के भुगतान के बदले पर्यवेक्षिका 4 हजार रुपये की रिश्वत मांग रही थीं।
जांच में आरोप सही, फिर रची गई योजना
शिकायत के बाद निगरानी विभाग ने मामले की गोपनीय जांच कराई, जिसमें आरोप सही पाए गए। इसके बाद योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया गया और तय योजना के तहत सेविका के पति को रिश्वत की राशि देकर पर्यवेक्षिका के पास भेजा गया।
रिश्वत लेते ही हुई गिरफ्तारी
जैसे ही पर्यवेक्षिका अंबालिका कुमारी ने 4 हजार रुपये स्वीकार किए, पहले से तैनात निगरानी टीम ने उन्हें मौके पर ही रंगे हाथ पकड़ लिया। वहीं आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई।
आरोपी को पटना ले जाया जा रहा
गिरफ्तारी के बाद आरोपी पर्यवेक्षिका को औपचारिकताओं और मेडिकल जांच के लिए पटना ले जाया जा रहा है। इस कार्रवाई के बाद जिले के आंगनबाड़ी कर्मियों में चर्चा और भय का माहौल है।
निगरानी विभाग का कड़ा रुख
निगरानी विभाग ने स्पष्ट किया है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और सरकारी योजनाओं में रिश्वतखोरी करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।







