Ad Image
Ad Image
असम में दुर्घटनाग्रस्त सुखोई 30 के दोनों पायलट शहीद: वायु सेना प्रवक्ता || JDU की बैठक में निशांत के नाम पर लग सकती है नीतीश कुमार की मुहर || आज शाम JDU की अहम बैठक: अटकलों पर लगेगा विराम, तस्वीर होगी साफ || नीतीश कुमार ने नामांकन के बाद आज शाम 5 बजे बुलाई JDU की बैठक || कांग्रेस ने राज्यसभा चुनाव के लिए सिंघवी समेत 6 उम्मीदवारों की घोषणा की || बिहार में सियासी तूफान तेज: नीतीश कुमार जाएंगे राज्यसभा || प. एशिया युद्ध संकट से शेयर बाजारों में भारी गिरावट जारी || समस्तीपुर: दो लाख के ईनामी जाली नोट कारोबारी को NIA ने किया गिरफ्तार || AIR इंडिया आज यूरोप, अमेरिका के लिए फिर से शुरू करेगी विमान सेवा || नागपुर: SBL एनर्जी विस्फोट में 18 की मौत, 24 से ज्यादा घायल

The argument in favor of using filler text goes something like this: If you use any real content in the Consulting Process anytime you reach.

  • img
  • img
  • img
  • img
  • img
  • img

Get In Touch

जदयू में शामिल होंगे निशांत, बिहार राजनीति में हलचल

स्टेट डेस्क - प्रीति पायल

निशांत कुमार 8 मार्च 2026 (रविवार) को आधिकारिक तौर पर जनता दल यूनाइटेड (JDU) की प्राथमिक सदस्यता लेंगे। हालांकि शुरुआती रिपोर्ट्स में 7 मार्च की तारीख भी सामने आई थी, लेकिन अधिकतर ताज़ा अपडेट्स में 8 मार्च को ही अंतिम रूप से तय माना जा रहा है।

JDU की हाल में हुई एक बैठक में, जिसमें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी मौजूद थे, इस फैसले पर चर्चा हुई। पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष संजय कुमार झा तथा अन्य वरिष्ठ नेताओं जैसे ललन सिंह और नीरज कुमार ने विधायकों से इस विषय पर राय ली। बैठक में मौजूद सभी विधायकों ने हाथ उठाकर अपनी सहमति जताई। पार्टी के कई नेता और कार्यकर्ता काफी समय से निशांत कुमार के राजनीति में आने की मांग कर रहे थे।

नीतीश कुमार ने हाल ही में राज्यसभा के लिए नामांकन दाखिल किया है। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि वे मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे सकते हैं। उन्होंने पार्टी नेताओं को भरोसा दिलाया है कि दिल्ली में रहते हुए भी वे बिहार सरकार और पार्टी की गतिविधियों पर नजर बनाए रखेंगे, जिससे किसी तरह की समस्या नहीं होगी।

राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि निशांत कुमार को उपमुख्यमंत्री (डिप्टी सीएम) बनाया जा सकता है। इसके साथ ही उन्हें गृह विभाग भी सौंपे जाने की संभावना जताई जा रही है, जो राज्य में कानून-व्यवस्था और पुलिस प्रशासन से जुड़ा एक अहम मंत्रालय है।

पार्टी में शामिल होने के बाद निशांत कुमार के बिहार के विभिन्न हिस्सों में यात्रा करने की भी चर्चा है। इस यात्रा के दौरान वे सरकार के कामकाज और नीतियों का आकलन करेंगे तथा संगठन को मजबूत करने का प्रयास करेंगे। इसे पार्टी में उनके भविष्य के नेतृत्व की तैयारी के रूप में भी देखा जा रहा है।

नीतीश कुमार लंबे समय से परिवारवाद के विरोधी माने जाते रहे हैं और उन्होंने अपने बेटे को अब तक राजनीति से दूर रखा था। लेकिन पार्टी कार्यकर्ताओं की मांग और भविष्य में पार्टी के सामाजिक समीकरण को बनाए रखने की जरूरत को देखते हुए यह निर्णय लिया गया बताया जा रहा है।
कुछ राजनीतिक विश्लेषक इसे नीतीश कुमार का रणनीतिक कदम मान रहे हैं, जबकि कुछ जगहों पर उनके राज्यसभा जाने की चर्चा से पार्टी के अंदर हल्की असहजता भी देखी गई है। वहीं JDU के कई नेता इसे कार्यकर्ताओं के लिए “होली का तोहफा” बताते हुए निशांत कुमार को पार्टी के नए चेहरे के रूप में आगे बढ़ाने की तैयारी कर रहे हैं।