Ad Image
Ad Image
तमिलनाडु के द. विरुधूनगर में पटाखा फैक्टरी में विस्फोट, 21 की मौत 8 घायल || हताश प्रधानमंत्री ने झूठ बोलकर देश को गुमराह करने का प्रयास किया: खरगे || विपक्ष की महिला आरक्षण रोकने की साजिश, आधी आबादी को हक दिलाएंगे: PM मोदी || हॉर्मुज में भारतीय जहाजों पर गोलीबारी, दिल्ली ने ईरानी राजदूत को तलब किया || अंतर्राष्ट्रीय कानून अनुपालन की यूरोपीय संघ की अपील को ईरान ने पाखंड बताया || राष्ट्रपति ट्रंप ने तरनजीत संधू को दिल्ली का उप राज्यपाल बनने पर दी बधाई || सम्पूर्ण देश की विधायिका में आज से 33 फीसदी महिला आरक्षण कानून लागू || पटना: CM सम्राट चौधरी ने जन प्रतिनिधियों और अन्य से की शिष्टाचार भेंट || इजरायल और लेबनान के बीच आज से 10 दिनों के लिए सीजफायर लागू || बसपा सुप्रीमो मायावती का आरक्षण को लेकर कांग्रेस और सपा पर हमला

The argument in favor of using filler text goes something like this: If you use any real content in the Consulting Process anytime you reach.

  • img
  • img
  • img
  • img
  • img
  • img

Get In Touch

बीरगंज: महंगाई के खिलाफ उपभोक्ता हित संरक्षण मंच

लोकल डेस्क, ऋषि राज।

रक्सौल / बीरगंज: उपभोक्ता हित संरक्षण मंच नेपाल, पर्सा ने ईंधन के दाम बढ़ने के साथ दैनिक उपभोग की वस्तुओं एवं सेवाओं में हो रही असामान्य और तेज मूल्यवृद्धि पर गम्भीर ध्यानाकर्षण जताया है।

मंच ने सोमवार को प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए कहा कि हाल के समय में खाद्यान्न, ईंधन, यातायात समेत रोजमर्रा के जीवन से जुड़ी वस्तुओं एवं सेवाओं के दाम लगातार बढ़ते जा रहे हैं।विज्ञप्ति में कहा गया है कि बढ़ती महंगाई के कारण आम उपभोक्ताओं के जीवनयापन पर गम्भीर असर पड़ा है। विशेष रूप से कम आय वाले तथा मध्यमवर्गीय परिवार वर्तमान महंगाई से सबसे अधिक प्रभावित हुए हैं।मंच के अनुसार बाजार अनुगमन प्रभावकारी नहीं होने के कारण कालाबाजारी, कृत्रिम अभाव पैदा करने की प्रवृत्ति तथा मनमाने ढंग से मूल्य निर्धारण जैसी गतिविधियाँ बढ़ती जा रही हैं। इससे बाजार व्यवस्थापन कमजोर होता जा रहा है, इसलिए संबंधित निकाय से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की गई है।प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से मंच ने पाँच बिंदुओं वाला मांगपत्र भी सार्वजनिक किया है। सड़क विस्तार के दौरान 6/7 दिन का समय दिए बिना घर-टहरा तोड़ना अनुचित बताया गया है।

साथ ही सीमा नाका पर कड़ाई, बाजार में कृत्रिम अभाव और महंगाई के कारण आम जनता का जीवन कठिन होता जा रहा है, जबकि नियामक निकाय और प्रशासन मौन है, ऐसा आरोप लगाया गया है।इसके अलावा खसी के मांस का दाम प्रति किलो 1 हजार रुपये नेपाली से बढ़ाकर 1 हजार 2 सौ रुपये नेपाली किए जाने पर मंच ने सवाल उठाया है कि यह फैसला किसकी सहमति से लिया गया। व्यवसायी संघ के नाम पर लूटतंत्र नहीं चलने दिया जाए, इस विषय में नियामक निकाय से जवाब मांगा गया है।मुख्य सड़क छोड़कर अन्य क्षेत्रों में घर मालिकों द्वारा अत्यधिक सटर किराया एवं पेशगी मांगने की स्थिति पर भी मंच ने आपत्ति जताई है। ऐसी गतिविधियों में संलग्न लोगों पर कार्रवाई करने की मांग स्थानीय सरकार से की गई है।मंच ने अंत में बाजार को व्यवस्थित, उपभोक्ता मैत्री और पारदर्शी बनाने के लिए प्रशासन को जवाबदेह बनने की मांग की है।उक्त विज्ञप्ति पर अजित कुमार भुजेल, केन्द्रीय सदस्य, उपभोक्ता हित संरक्षण मंच नेपाल के हस्ताक्षर हैं।