लोकल डेस्क, एन के सिंह।
उल्लंघन पर चलेगा 'कानून का डंडा'। खुले में धूल और धुएँ से 'विषाक्त' हो रहे मांस के सेवन से बचने और केवल ढके हुए स्थानों से ही खरीदारी करने की सख्त अपील।
पूर्वी चंपारण: जिला मुख्यालय को स्वच्छ, सुंदर और बीमारियों से मुक्त बनाने की दिशा में नगर निगम ने एक क्रांतिकारी कदम उठाया है। शहर की मुख्य सड़कों और सार्वजनिक स्थलों के किनारे खुले में मांस और मछली की बिक्री को अब पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है। उप महापौर डॉ. लालबाबू प्रसाद की लंबी मुहिम और पहल पर बिहार सरकार ने अपनी आधिकारिक मुहर लगा दी है। इस निर्णय के साथ ही प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि जन-स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले विक्रेताओं के खिलाफ अब कठोर दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
उप महापौर की मुहिम लाई रंग, सरकार ने स्वीकार की मांग
यह निर्णय उप महापौर डॉ. लालबाबू प्रसाद के उन निरंतर प्रयासों का परिणाम है, जिसमें वे लंबे समय से सड़कों पर खुले में बिक रहे मांस-मछली पर रोक लगाने की मांग कर रहे थे। डॉ. प्रसाद ने सरकार के समक्ष तर्क दिया था कि खुले में बिकने वाले ये खाद्य पदार्थ न केवल शहर की सुंदरता को बिगाड़ते हैं, बल्कि गंभीर बीमारियों का मुख्य स्रोत भी हैं। उनकी इस जनहितैषी दलील की गंभीरता को समझते हुए बिहार सरकार ने अब इसे लागू करने का आदेश जारी कर दिया है।
धूल और प्रदूषण से 'विषाक्त' हो रहा भोजन स्वास्थ्य पर सीधा प्रहार
सोशल मीडिया के माध्यम से जनता से सीधा संवाद करते हुए डॉ. लालबाबू प्रसाद ने नागरिकों को स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहने की भावुक अपील की। उन्होंने वैज्ञानिक पक्ष रखते हुए कहा कि सड़कों के किनारे टंगे मांस और रखी मछलियों पर दिन भर वाहनों का धुआं, धूल और जहरीले कण जमा होते हैं, जिससे ये खाद्य पदार्थ विषाक्त (Poisonous) हो जाते हैं। ऐसा मांस खाना सीधे तौर पर कैंसर और संक्रमण जैसी घातक बीमारियों को दावत देना है। उन्होंने सुझाव दिया कि उत्तम स्वास्थ्य के लिए मांसाहार से परहेज बेहतर है, लेकिन यदि सेवन करना ही हो, तो केवल स्वच्छ और पूरी तरह ढके हुए स्थानों से ही खरीदारी करें।
कठोर कार्रवाई की चेतावनी, अब बर्दाश्त नहीं होगी लापरवाही
नगर निगम प्रशासन ने अब इस मामले में बेहद सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। डॉ. लालबाबू प्रसाद ने कड़े शब्दों में चेतावनी दी है कि शहर के किसी भी कोने में सड़क किनारे मांस-मछली बेचना अब एक दंडनीय अपराध माना जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले दुकानदारों पर भारी जुर्माना लगाने के साथ-साथ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। व्यापारियों और विक्रेताओं से आग्रह किया गया है कि वे समय रहते प्रशासन का सहयोग करें और अपनी दुकानें निर्धारित सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करें।
प्रबुद्ध नागरिकों में खुशी, "स्वच्छ मोतिहारी, स्वस्थ मोतिहारी" का संकल्प
नगर निगम के इस साहसिक और स्वास्थ्य-केंद्रित कदम का मोतिहारी के प्रबुद्ध नागरिकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और चिकित्सकों ने पुरजोर स्वागत किया है। स्थानीय निवासियों का मानना है कि इस फैसले से सड़कों पर लगने वाली अवांछित भीड़ कम होगी, गंदगी से निजात मिलेगी और संक्रमण फैलने का खतरा न्यूनतम हो जाएगा। शहर के मुख्य चौराहों की सूरत बदलने की उम्मीद में लोगों ने प्रशासन के इस संकल्प की सराहना की है।






