Ad Image
Ad Image
असम में दुर्घटनाग्रस्त सुखोई 30 के दोनों पायलट शहीद: वायु सेना प्रवक्ता || JDU की बैठक में निशांत के नाम पर लग सकती है नीतीश कुमार की मुहर || आज शाम JDU की अहम बैठक: अटकलों पर लगेगा विराम, तस्वीर होगी साफ || नीतीश कुमार ने नामांकन के बाद आज शाम 5 बजे बुलाई JDU की बैठक || कांग्रेस ने राज्यसभा चुनाव के लिए सिंघवी समेत 6 उम्मीदवारों की घोषणा की || बिहार में सियासी तूफान तेज: नीतीश कुमार जाएंगे राज्यसभा || प. एशिया युद्ध संकट से शेयर बाजारों में भारी गिरावट जारी || समस्तीपुर: दो लाख के ईनामी जाली नोट कारोबारी को NIA ने किया गिरफ्तार || AIR इंडिया आज यूरोप, अमेरिका के लिए फिर से शुरू करेगी विमान सेवा || नागपुर: SBL एनर्जी विस्फोट में 18 की मौत, 24 से ज्यादा घायल

The argument in favor of using filler text goes something like this: If you use any real content in the Consulting Process anytime you reach.

  • img
  • img
  • img
  • img
  • img
  • img

Get In Touch

सरोज यादव का खौफनाक श्राप, RJD में फूट और राजनीति का बवाल!

स्टेट डेस्क, प्रीति पायल |

टिकट नहीं मिला तो पूर्व विधायक सरोज यादव ने दिया 'श्राप', कहा- कभी नहीं बन पाएगा मुख्यमंत्री..... यह बिहार के भोजपुर जिले के बड़हरा विधानसभा क्षेत्र की घटना है। RJD ने हालिया चुनावी तैयारियों में राम बाबू सिंह को इस सीट का आधिकारिक प्रत्याशी बनाया है।

पूर्व विधायक सरोज यादव, जो 2015 में RJD टिकट पर बड़हरा से जीती थीं, इस फैसले से नाराज हैं। वे पार्टी में यादव समुदाय की एक महत्वपूर्ण नेता मानी जाती हैं और इस बार भी टिकट की प्रबल उम्मीदवार थीं। टिकट न मिलने पर सरोज यादव ने फेसबुक लाइव के जरिए अपना गुस्सा व्यक्त किया। उन्होंने पार्टी नेतृत्व को "भ्रष्ट" बताया और टिकट बांटने की प्रक्रिया में भाई-भतीजावाद का आरोप लगाया। गुस्से में उन्होंने कहा, "मैं श्राप देता हूं कि वो (राम बाबू सिंह) कभी मुख्यमंत्री नहीं बन पाएगा।"

आगामी बिहार विधानसभा चुनाव (नवंबर-दिसंबर 2025) के संदर्भ में यह विवाद RJD के लिए चिंताजनक है। बड़हरा सीट यादव-मुस्लिम वोट बैंक पर निर्भर करती है, और सरोज के इस बयान से पार्टी के मतदाता आधार में दरार पड़ सकती है। RJD की तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, हालांकि मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार सरोज को मनाने की कोशिशें जारी हैं। वहीं BJP ने इस आंतरिक कलह को महागठबंधन की कमजोरी बताते हुए राजनीतिक फायदा उठाने की कोशिश की है।

सरोज यादव बिहार की प्रभावशाली महिला नेताओं में से एक हैं। वे 2010 में पहली बार विधायक बनीं और 2015 में दोबारा चुनी गईं। RJD में वे महिला विंग की सक्रिय सदस्य रहीं और सामाजिक न्याय के मुद्दों पर आवाज उठाती रहीं।