Ad Image
Ad Image
ट्रंप ने कहा, खाड़ी देशों की अपील पर ईरान पर हमले बंद किए गए || अदाणी समूह को अमेरिका से क्लीनचिट, आपराधिक मामलों में राहत || राहुल गांधी ने कहा, देश में बड़ा आर्थिक संकट आने वाला, आम आदमी होगा परेशान || भारत और नार्वे के बीच कुल 9 समझौतों पर हस्ताक्षर, बेहतर सहयोग की पहल: मोदी || अहमदाबाद - मुंबई हाईवे पर दर्दनाक सड़क हादसा, 12 की मौत 25 से ज्यादा घायल || राष्ट्रपति ट्रंप का दावा: समझौते के लिए ईरान बेताब, ईरान का इनकार || Delhi - NCR में सीएनजी फिर महंगा, तीन दिन में तीसरी बार कीमत वृद्धि || PM मोदी का नीदरलैंड दौरा, द्विपक्षीय रिश्ते की बेहतरी पर बल दिया || लन्दन: ब्रिटिश PM कीर स्टारमर दे सकते है इस्तीफा, स्थानीय चुनावों में पार्टी की हार का असर || युद्ध समाप्ति पर ईरान के साथ सकारात्मक बातचीत हुई: राष्ट्रपति ट्रंप

The argument in favor of using filler text goes something like this: If you use any real content in the Consulting Process anytime you reach.

  • img
  • img
  • img
  • img
  • img
  • img

Get In Touch

BCCI के आगे नकवी हुए सरेंडर, यूएआई बोर्ड को सौंपी ट्रॉफी

स्पोर्ट्स डेस्क, ऋषि राज |

एशियन क्रिकेट काउंसिल के चैयरमैन मोहसिन नकवी ने ट्रॉफी से पीछा छुड़ा लिया है और अब उन्होंने पाकिस्तान रवाना होने से पहले एशिया कप की ट्रॉफी यूएई क्रिकेट बोर्ड को सौंप दी है।

पाकिस्तान सरकार में मंत्री और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष मोहसिन नकवी एशिया कप की ट्रॉफी को यूएई बोर्ड को सौंप दी है। रविवार को ट्रॉफी नहीं दी गई थी क्योंकि भारतीय टीम ने पाकिस्तान सरकार में मंत्री और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष नकवी से ट्रॉफी लेने से इनकार कर दिया था। वहीं मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक एशियन क्रिकेट काउंसिल के चैयरमैन मोहसिन नकवी के ट्रॉफी नहीं देने पर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड उन पर महाभियोग चलाने पर जोर दे रहा है और इस वजह से उन्होंने ट्रॉफी को यूएई बोर्ड को सौंप दी है।

सूत्रों का कहना है कि बीसीसीआई ने स्पष्ट कर दिया था कि यदि यूएआई बोर्ड सहयोग नहीं करेगा तो भारत भविष्य में किसी भी साझा क्रिकेट टूर्नामेंट का हिस्सा नहीं बनेगा। ऐसे हालात में नकवी के पास विकल्प बेहद सीमित रह गए थे। अंततः उन्होंने ट्रॉफी को बीसीसीआई को सौंपते हुए कहा कि "भारत एशिया का सबसे बड़ा क्रिकेटिंग पावरहाउस है और इस सच्चाई को नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता।"

इस घटनाक्रम के बाद क्रिकेट प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई है। बीसीसीआई अब एशिया कप को अपने नेतृत्व में और भी बेहतर ढंग से आयोजित करने की तैयारी में जुट गया है। वहीं, यूएआई बोर्ड के इस सरेंडर ने यह भी साबित कर दिया कि एशियाई क्रिकेट में भारत की स्थिति कितनी मजबूत है।

विशेषज्ञ मानते हैं कि यह केवल एक ट्रॉफी का मामला नहीं है बल्कि क्रिकेट राजनीति में भारत की ताकत और प्रभाव का स्पष्ट संदेश है। आने वाले समय में यह फैसला एशियाई क्रिकेट परिषद की दिशा और निर्णयों पर भी गहरा असर डाल सकता है।