स्टेट डेस्क, रानी कुमारी |
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अहमदाबाद मेट्रो रेल परियोजना के चरण-2(ए) को केंद्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी मिलने पर खुशी जताई है। उन्होंने कहा कि यह परियोजना अहमदाबाद के शहरी विकास को नई गति देगी और शहर की कनेक्टिविटी को और मजबूत बनाएगी। खासकर एयरपोर्ट तक पहुंच आसान होने से यात्रियों को तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक परिवहन सुविधा मिलेगी।
प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि मेट्रो विस्तार से शहर में यातायात का दबाव कम होगा, रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और सतत शहरी विकास को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने इसे आधुनिक और भविष्य उन्मुख बुनियादी ढांचे की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को अहमदाबाद मेट्रो रेल परियोजना के चरण-2(ए) को मंजूरी दी थी। इसके तहत करीब 6.032 किलोमीटर लंबे नए मेट्रो कॉरिडोर का निर्माण किया जाएगा। इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य एयरपोर्ट को मेट्रो नेटवर्क से जोड़ना तथा उन प्रमुख आवासीय और व्यावसायिक क्षेत्रों तक सार्वजनिक परिवहन की बेहतर सुविधा पहुंचाना है, जहां अभी प्रभावी कनेक्टिविटी नहीं है।
इस नए कॉरिडोर में कुल पांच स्टेशन बनाए जाएंगे। इनमें चार एलिवेटेड और एक अंडरग्राउंड स्टेशन शामिल होगा। परियोजना के तहत आश्रम रोड, कोटेश्वर प्राचीन मंदिर, साबरमती नदी क्षेत्र, सरदार नगर और एयरपोर्ट स्टेशन विकसित किए जाएंगे। इसके पूरा होने के बाद अहमदाबाद-गांधीनगर मेट्रो नेटवर्क की कुल लंबाई बढ़कर 77.63 किलोमीटर हो जाएगी।
परियोजना की कुल लागत निर्माण अवधि के ब्याज सहित 2,169.04 करोड़ रुपये आंकी गई है। सरकार का मानना है कि यह विस्तार शहर के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ प्रमुख आवासीय और वाणिज्यिक क्षेत्रों को मेट्रो नेटवर्क से जोड़कर आवागमन को और सुगम बनाएगा।
सरकार के अनुसार, यह परियोजना 2029 में प्रस्तावित विश्व पुलिस खेलों और 2030 के राष्ट्रमंडल खेलों की तैयारियों में भी मददगार साबित हो सकती है। बेहतर परिवहन व्यवस्था से पर्यटन, व्यापार और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है, जिससे स्थानीय लोगों के साथ-साथ शहर आने वाले पर्यटकों को भी लाभ मिलेगा।
रोजगार के मोर्चे पर भी यह परियोजना महत्वपूर्ण साबित होगी। निर्माण कार्य के दौरान करीब 2,000 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है, जबकि संचालन और रखरखाव के चरण में लगभग 500 अतिरिक्त रोजगार अवसर सृजित होंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि अहमदाबाद मेट्रो का यह नया विस्तार शहर में ट्रैफिक जाम और प्रदूषण को कम करने में सहायक होगा। साथ ही सार्वजनिक परिवहन को मजबूत कर नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण योगदान देगा।







