Ad Image
Ad Image
राष्ट्रपति ट्रंप ने तरनजीत संधू को दिल्ली का उप राज्यपाल बनने पर दी बधाई || सम्पूर्ण देश की विधायिका में आज से 33 फीसदी महिला आरक्षण कानून लागू || पटना: CM सम्राट चौधरी ने जन प्रतिनिधियों और अन्य से की शिष्टाचार भेंट || इजरायल और लेबनान के बीच आज से 10 दिनों के लिए सीजफायर लागू || बसपा सुप्रीमो मायावती का आरक्षण को लेकर कांग्रेस और सपा पर हमला || पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर जी की जयंती पर PM मोदी ने दी श्रद्धांजलि || लाहौर: लश्कर के मास्टरमाइंड आमिर हमजा को गोलियों से भूना, हालत गंभीर || आज से संसद का विशेष सत्र, PM मोदी ने बताया महिला सशक्तिकरण की ऐतिहासिक पहल || आंध्र के कुरनूल में बोलोरो और रेडिमिक्स वाहन की टक्कर, 6 की मौत 10 से ज्यादा घायल || विकसित भारत @2047 के लिए PM मोदी ने पेश किए 9 संकल्प

The argument in favor of using filler text goes something like this: If you use any real content in the Consulting Process anytime you reach.

  • img
  • img
  • img
  • img
  • img
  • img

Get In Touch

इजरायल ने लेबनान में 380 ठिकानों पर हमला किया

विदेश डेस्क, ऋषि राज

यरुशलम/बेरूत। पश्चिम एशिया में तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। इजरायल रक्षा बलों (आईडीएफ) ने दावा किया है कि उसने पिछले 24 घंटों के भीतर लेबनान में हिज्बुल्लाह से जुड़े 380 से अधिक ठिकानों पर हवाई और जमीनी कार्रवाई की है। आईडीएफ के अनुसार, यह अभियान दक्षिणी लेबनान में चल रहे सैन्य अभियानों को समर्थन देने और सीमा क्षेत्र में सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से चलाया गया।

आईडीएफ ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि निशाना बनाए गए ठिकानों में हिज्बुल्लाह के कमांड सेंटर, हथियार भंडारण केंद्र, लॉन्चिंग साइट, संचार ठिकाने और अन्य रणनीतिक स्थान शामिल थे। इजरायली सेना का कहना है कि इन हमलों का उद्देश्य संगठन की सैन्य क्षमता को कमजोर करना और उत्तरी सीमा पर संभावित हमलों को रोकना है।

सेना ने यह भी दावा किया कि कई क्षेत्रों में हिज्बुल्लाह के लड़ाकों की गतिविधियों की पहचान के बाद तत्काल कार्रवाई की गई। आईडीएफ के मुताबिक, पिछले कुछ दिनों में सीमा पार से रॉकेट और ड्रोन हमलों की आशंका बढ़ी थी, जिसके बाद यह बड़ा अभियान शुरू किया गया।

उधर, लेबनान की ओर से इन हमलों पर तीखी प्रतिक्रिया सामने आई है। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, दक्षिणी लेबनान के कई इलाकों में जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं और कुछ क्षेत्रों में धुआं उठता देखा गया। नागरिकों में भय का माहौल है और कई परिवार सुरक्षित स्थानों की ओर जाने लगे हैं।

हिज्बुल्लाह की ओर से तत्काल आधिकारिक प्रतिक्रिया सीमित रही, लेकिन संगठन से जुड़े मीडिया प्लेटफॉर्म्स ने कहा कि इजरायल के हमलों का जवाब दिया जाएगा। इससे क्षेत्र में तनाव और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।

संयुक्त राष्ट्र और कई अंतरराष्ट्रीय देशों ने दोनों पक्षों से संयम बरतने की अपील की है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि संघर्ष इसी तरह बढ़ता रहा तो यह व्यापक क्षेत्रीय टकराव का रूप ले सकता है, जिसका असर पूरे पश्चिम एशिया पर पड़ेगा।

विशेषज्ञों के अनुसार, इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच बढ़ता संघर्ष वैश्विक बाजारों, तेल कीमतों और क्षेत्रीय सुरक्षा व्यवस्था को भी प्रभावित कर सकता है। खासकर लेबनान पहले से ही आर्थिक संकट से गुजर रहा है, ऐसे में किसी बड़े संघर्ष की स्थिति वहां के हालात और खराब कर सकती है।

फिलहाल दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि आने वाले दिनों में दोनों पक्ष किस रुख के साथ आगे बढ़ते हैं। यदि कूटनीतिक प्रयास सफल नहीं हुए तो क्षेत्र में हालात और गंभीर हो सकते हैं।