Ad Image
Ad Image
युद्ध समाप्ति पर ईरान के साथ सकारात्मक बातचीत हुई: राष्ट्रपति ट्रंप || बिहार: विजय कुमार सिन्हा, निशांत कुमार, दिलीप जायसवाल, दीपक प्रकाश समेत 32 ने ली शपथ || बिहार में सम्राट सरकार का विस्तार, 32 मंत्रियों ने ली पद और गोपनीयता की शपथ || वोट चोरी का जिन्न फिर निकला, राहुल गांधी का EC और केंद्र सरकार पर हमला || वियतनामी राष्ट्रपति तो लाम पहुंचे भारत, राष्ट्रपति भवन में पारंपरिक स्वागत || टैगोर जयंती पर 9 मई को बंगाल में भाजपा सरकार के शपथ ग्रहण की संभावना || केरल में सरकार गठन की कवायद तेज: अजय माकन और मुकुल वासनिक पर्यवेक्षक || असम में बीजेपी जीत के हैट्रिक की ओर, 101 से अधिक पर बढ़त, कांग्रेस 23 पर सिमटी || पांच राज्यों में मतगणना जारी: बंगाल, असम में भाजपा को बढ़त, केरल में कांग्रेस और तमिलनाडु में टीवीके को बढ़त || तमिलनाडु चुनाव: एक्टर विजय की टीवीके ने किया उलटफेर, 109 सीटो पर बढ़त

The argument in favor of using filler text goes something like this: If you use any real content in the Consulting Process anytime you reach.

  • img
  • img
  • img
  • img
  • img
  • img

Get In Touch

डीके शिवकुमार के बयान से कर्नाटक कांग्रेस में सत्ता साझेदारी को लेकर तनाव

स्टेट डेस्क, श्रेयांश पराशर |

कर्नाटक की सियासत एक बार फिर सत्ता साझेदारी के मुद्दे पर गरमा गई है। उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार और मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बीच सत्ता संतुलन को लेकर चल रही अंदरूनी खींचतान अब सार्वजनिक बयानों में झलकने लगी है। दिल्ली में आयोजित कांग्रेस के एक कार्यक्रम में शिवकुमार ने गांधी परिवार की प्रशंसा करते हुए तीखी टिप्पणी की, जिससे स्पष्ट संकेत मिले कि उनके और सिद्धारमैया के बीच सबकुछ ठीक नहीं है।

दिल्ली में आयोजित "संवैधानिक चुनौतियाँ" विषयक सम्मेलन में कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कांग्रेस और गांधी परिवार की भूमिका को लेकर कई बड़ी बातें कहीं। उन्होंने कांग्रेस को देश को जोड़ने वाली पार्टी बताया और कहा कि गांधी परिवार की वजह से ही पार्टी एकजुट है। शिवकुमार ने यह भी दावा किया कि भारत जोड़ो यात्रा और पार्टी नेतृत्व के समर्पण ने ही कांग्रेस को नई दिशा दी है।

उन्होंने तिहाड़ जेल के दिनों को याद करते हुए सोनिया गांधी का आभार जताया कि वह जेल में उनसे मिलने आई थीं और उनकी कानूनी मदद की थी। साथ ही उन्होंने 2029 में राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाने की भविष्यवाणी करते हुए कहा कि अब कांग्रेस कार्यकर्ताओं को एकजुट होकर बीजेपी के खिलाफ संघर्ष करना होगा।

हालांकि, सबसे अहम बात उन्होंने बिना सिद्धारमैया का नाम लिए कही। शिवकुमार ने कहा, "कुछ लोग सत्ता साझा करने को तैयार नहीं होते। लोकतंत्र में ऐसा त्याग बहुत कम देखने को मिलता है।" इस बयान को सीधे तौर पर मुख्यमंत्री सिद्धारमैया पर निशाना माना जा रहा है, जिन्होंने हाल में कहा था कि राज्य में कोई सत्ता साझा करने का समझौता नहीं हुआ है और वह पूरे पांच साल तक मुख्यमंत्री बने रहेंगे।

यह बयानबाजी बताती है कि कर्नाटक में कांग्रेस के दो बड़े नेताओं के बीच मतभेद अब भी बरकरार हैं। हालाँकि शिवकुमार ने सार्वजनिक तौर पर नाम नहीं लिया, लेकिन गांधी परिवार की तारीफ और "त्याग" की मिसाल देते हुए उन्होंने सत्ता के लिए चल रही अंदरूनी रस्साकशी को जरूर उजागर कर दिया।