लोकल डेस्क, अभिलाष गुप्ता।
रक्सौल / बीरगंज: बीरगंज स्थित पंचमुखी हनुमान मंदिर में आयोजित श्री रामकथा महायज्ञ आज नौवें दिन सुबह पूजा-पाठ, हवन और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों के साथ भव्य रूप से संपन्न हो गया।
नौ दिनों तक चले इस महायज्ञ में हजारों श्रद्धालु भक्तों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।महायज्ञ का संचालन संयोजक गौरी प्रसाद गुप्ता के नेतृत्व में किया गया। कार्यक्रम में भोला साह, दीपक कुमार गुप्ता, श्रावण बहादुर रायमाझी, अभिलाष गुप्ता, अमर सर्राफ, मनोज मिश्रा सहित स्थानीय समाजसेवियों और श्रद्धालुओं की सक्रिय सहभागिता रही।पूजा-पाठ पंडित राजीव रंजन भारद्वाज द्वारा विधिपूर्वक संपन्न कराया गया, वहीं कथा वाचन के लिए बनारस निवासी प्रसिद्ध कथावाचक मधुकरजी महाराज द्वारा प्रतिदिन श्रीरामकथा प्रवचन किया गया। उनके प्रवचन को सुनने के लिए प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते थे।आयोजक टीम के सदस्य अमर सर्राफ के अनुसार, आज 30 अप्रैल को सम्पन्न पूर्णाहुति एवं महाप्रसाद वितरण कार्यक्रम में 5 हजार से अधिक भक्तों ने महाप्रसाद ग्रहण किया। करीब 14 लाख रुपये की लागत से आयोजित यह धार्मिक महायज्ञ स्थानीय मोहल्लावासियों, श्रद्धालुओं और सहयोगी दानदाताओं के आर्थिक एवं नैतिक सहयोग से संपन्न हुआ।
महायज्ञ के दौरान प्रतिदिन सुबह यज्ञ, पूजा और हवन कार्यक्रम आयोजित किए गए, जबकि शाम 6 बजे से रात 9 बजे तक रामकथा प्रवचन होता रहा। यज्ञ स्थल पर भगवान की विभिन्न मूर्तियों की स्थापना की गई थी, साथ ही 500 कलश स्थापित कर धार्मिक वातावरण को और भव्य बनाया गया था।कथावाचक मधुकरजी महाराज ने कहा कि रामकथा केवल सुनने का विषय नहीं है, बल्कि भगवान श्रीराम के आदर्श, मर्यादा और चरित्र को जीवन में अपनाने का संदेश देती है।
उन्होंने सत्य, धर्म और कर्तव्य के मार्ग पर चलने तथा समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने का आह्वान किया।इस महायज्ञ ने धार्मिक आस्था को बढ़ावा देने के साथ-साथ सामाजिक एकता, सद्भाव और नैतिक मूल्यों के संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया है। कार्यक्रम समापन अवसर पर सहयोगियों को सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया।भव्य रूप से संपन्न इस महायज्ञ ने बीरगंज में धार्मिक उत्साह और भक्तिमय वातावरण का निर्माण किया, ऐसा स्थानीय लोगों ने बताया।







