हेल्थ डेस्क, रानी कुमारी।
नई दिल्ली/चेन्नई, 27 फरवरी 2026। भारत सरकार ने महिलाओं के स्वास्थ्य को लेकर एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए देशभर में ह्यूमन पैपिलोमावायरस (HPV) टीकाकरण अभियान शुरू करने की घोषणा की है। यह राष्ट्रव्यापी अभियान 28 फरवरी 2026 से प्रारंभ होगा, जिसका उद्देश्य किशोरियों को सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचाना है।
सरकारी जानकारी के अनुसार, यह टीकाकरण कार्यक्रम चरणबद्ध तरीके से सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में लागू किया जाएगा। अभियान के पहले चरण में 9 से 14 वर्ष की आयु वर्ग की लड़कियों को शामिल किया जाएगा, क्योंकि इस आयु में वैक्सीन अधिक प्रभावी मानी जाती है।
चेन्नई में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान World Health Organization की पूर्व मुख्य वैज्ञानिक Soumya Swaminathan ने इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह कदम आने वाले वर्षों में लाखों जिंदगियों को बचाने में सहायक होगा और यह आने वाली पीढ़ियों के लिए एक मजबूत सुरक्षा कवच साबित होगा।
स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, अभियान के तहत सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों पर HPV वैक्सीन पूरी तरह निशुल्क उपलब्ध कराई जाएगी। निजी अस्पतालों में जिसकी कीमत 4,000 से 5,000 रुपये तक होती है, वह वैक्सीन भी इस अभियान के तहत मुफ्त दी जाएगी। टीकाकरण के लिए अभिभावकों की सहमति आवश्यक होगी।
अधिकारियों ने बताया कि अभियान के पहले चरण में स्कूलों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के माध्यम से टीकाकरण किया जाएगा। यह कार्यक्रम राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम के साथ समन्वय में संचालित होगा, ताकि अधिकतम संख्या में किशोरियों तक पहुंच सुनिश्चित की जा सके।
गौरतलब है कि वैश्विक स्तर पर वर्ष 2030 तक सर्वाइकल कैंसर के उन्मूलन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। भारत का यह अभियान उसी दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि व्यापक टीकाकरण और जागरूकता से आने वाले वर्षों में सर्वाइकल कैंसर के मामलों में उल्लेखनीय कमी लाई जा सकती है।
स्वास्थ्य विभाग ने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने जिले में टीकाकरण की जानकारी के लिए नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य केंद्र या स्कूल प्रशासन से संपर्क करें।







