मोतिहारी: शादी की खुशियां मातम में बदलीं, पेड़ से टकराई बेकाबू स्कॉर्पियो, 3 की मौत
लोकल डेस्क, एन के सिंह।
एक ही परिवार के तीन लोगों की दर्दनाक मौत। हादसे में विनोद प्रसाद, उनके भाई अनिल प्रसाद और उपमुखिया गजेंद्र दास ने मौके पर ही दम तोड़ा।
पूर्वी चंपारण: नियति का खेल भी बड़ा क्रूर होता है। जिस घर में बेटे के सिर पर सेहरा सजने वाला था और मंगल गीत गाए जा रहे थे, वहां अब चीख-पुकार और सिसकियां गूंज रही हैं। मंगलवार की देर रात घोड़ासहन-ढाका मुख्य मार्ग पर हुए एक भीषण सड़क हादसे ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। महादेवा मसान चौक के पास एक अनियंत्रित तेज रफ्तार स्कॉर्पियो सड़क किनारे लगे पेड़ से जा टकराई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि गाड़ी के परखच्चे उड़ गए और उसमें सवार तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई।
खुशियों के सफर का खौफनाक अंत
जानकारी के मुताबिक, राजेपुर थाना क्षेत्र के एक ही परिवार के लोग स्कॉर्पियो में सवार होकर पकड़ीदयाल के सिरहा गांव से घोड़ासहन आ रहे थे। विनोद प्रसाद के बेटे की शादी का उत्सव घोड़ासहन के एक विवाह भवन में आयोजित था। अपनों के साथ हंसी-मजाक और जश्न के माहौल में डूबे इन लोगों को अंदाजा भी नहीं था कि मौत सड़क के मोड़ पर उनका इंतजार कर रही है। मृतकों की पहचान 55 वर्षीय विनोद प्रसाद, उनके चचेरे भाई 35 वर्षीय अनिल प्रसाद और गांव के 40 वर्षीय उपमुखिया गजेंद्र दास के रूप में हुई है।
मौत की गूंज से थर्रा उठा इलाका
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आधी रात के सन्नाटे को चीरती हुई स्कॉर्पियो की रफ्तार इतनी अधिक थी कि चालक का नियंत्रण पूरी तरह खो चुका था। महादेवा मसान चौक के पास वाहन सीधे एक विशाल पेड़ में जा घुसा। टक्कर की आवाज इतनी भयानक थी कि आसपास के लोग सहम गए और तुरंत मौके की ओर दौड़े। स्थानीय लोगों ने जब मलबे में तब्दील हो चुकी गाड़ी के पास पहुँचकर देखा, तो अंदर का नजारा देख सबकी रूह कांप गई। तीनों यात्रियों के शरीर निर्जीव पड़े थे और उनकी सांसें थम चुकी थीं।
चालक फरार, शराब के नशे की आशंका
हादसे के तुरंत बाद स्कॉर्पियो चालक अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार होने में कामयाब रहा। स्थानीय लोगों के बीच चर्चा है कि चालक संभवतः शराब के नशे में था, जिसके कारण वह तेज रफ्तार वाहन पर काबू नहीं रख पाया। हालांकि, पुलिस ने इस बात की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। पुलिस अब आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और फरार चालक की तलाश में छापेमारी कर रही है।
कोहराम और मातम का मंजर
जैसे ही हादसे की खबर परिजनों तक पहुँची, शादी वाले घर में कोहराम मच गया। फूलों से सजा पंडाल और मेहमानों की गहमागहमी अचानक सिसकियों में तब्दील हो गई। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मोतिहारी भेज दिया है। इस घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और 'रफ्तार के जुनून' पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय ग्रामीणों में इस हादसे के बाद भारी आक्रोश है और वे तेज रफ्तार वाहनों पर अंकुश लगाने की मांग कर रहे हैं।
यह हादसा हमें याद दिलाता है कि सड़क पर आपकी एक छोटी सी लापरवाही या तेज रफ्तार का शौक सिर्फ आपकी नहीं, बल्कि पूरे परिवार की खुशियां छीन सकता है।







