नेशनल डेस्क, नीतीश कुमार।
महाराष्ट्र में पिछले तीन-चार दिनों से लगातार हो रही भारी बारिश ने तबाही मचा रखी है। राज्य आपदा प्रबंधन मंत्री गिरिश महाजन ने सोमवार को बताया कि बारिश से जुड़ी घटनाओं में 13 लोगों की मौत हो चुकी है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस संकट को ‘फोर्स मेजर’ बताया।
मुंबई, ठाणे, पालघर, रायगढ़ और रत्नागिरी सहित कई जिलों में भारत मौसम विज्ञान विभाग ने अगले 24 घंटों के लिए मध्यम से उच्च स्तर का फ्लैश फ्लड जोखिम जारी किया है। मुंबई और आसपास के इलाकों में रेड अलर्ट जारी है, जहां 80-90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है।
जान-माल का भारी नुकसान
पुणे जिले के पाटन गांव में लैंडस्लाइड से एक मकान ढह गया, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और दो सदस्य लापता हैं। मुंबई और आसपास के इलाकों में दीवार गिरने, पेड़ उखड़ने और पानी भर जाने जैसी घटनाएं सामने आई हैं।
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने मुंबई में निजी कार्यालयों को जहां संभव हो वर्क फ्रॉम होम की सलाह दी है। गैर-जरूरी सरकारी और अर्ध-सरकारी कार्यालयों में आधे दिन की छुट्टी घोषित की गई।
यातायात पूरी तरह ठप
भारी बारिश के कारण मुंबई एयरपोर्ट पर कई उड़ानें प्रभावित हुईं। पांच आने वाली उड़ानें अन्य शहरों की ओर डायवर्ट कर दी गईं। वेस्टर्न रेलवे की कई लंबी दूरी की ट्रेनें पानी भरने के कारण फंस गईं। उपनगरीय सेवाएं भी बुरी तरह प्रभावित रही हैं।
मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर भी लैंडस्लाइड और पिलर गिरने की घटनाएं हुईं। नासिक में मंगलवार को क्लाउडबर्स्ट जैसी स्थिति की चेतावनी जारी की गई है।
हाई अलर्ट पर प्रशासन
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि पूरी आपदा प्रबंधन मशीनरी अलर्ट मोड पर है। बॉम्बे हाई कोर्ट ने भी बारिश के कारण वकीलों के न पहुंच पाने पर किसी मामले में प्रतिकूल आदेश न देने का आश्वासन दिया।
नासिक जिले में ट्रिंबकेश्वर, इगतपुरी और आसपास के इलाकों में 300 मिलीमीटर तक बारिश की संभावना जताई गई है। वहां स्कूल-कॉलेज और मंदिर बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं।







