नेशनल डेस्क, आर्या कुमारी।
नयी दिल्ली : राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) ने नीट यूजी 2026 परीक्षा से पहले देशभर के अभ्यर्थियों से सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही भ्रामक सूचनाओं और अफवाहों से बचने की अपील की है। एजेंसी ने छात्रों से अपनी तैयारी पर विश्वास बनाए रखने तथा केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर भरोसा करने को कहा है। साथ ही स्पष्ट किया गया है कि परीक्षा अपने निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार ही आयोजित की जाएगी और परीक्षा स्थगित होने जैसी किसी भी अपुष्ट सूचना पर ध्यान देने की आवश्यकता नहीं है।
एनटीए द्वारा जारी विशेष संदेश में विद्यार्थियों से शांत और सकारात्मक बने रहने का आग्रह किया गया है। एजेंसी ने कहा कि लाखों छात्र-छात्राओं ने इस महत्वपूर्ण परीक्षा के लिए लंबे समय तक मेहनत की है और अब उनके लिए सबसे जरूरी है कि वे आत्मविश्वास के साथ परीक्षा की तैयारी को अंतिम रूप दें। विद्यार्थियों को किसी भी प्रकार की अनावश्यक चिंता से दूर रहते हुए अपने प्रदर्शन पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी गई है।
एजेंसी ने अभ्यर्थियों को पर्याप्त नींद लेने, मानसिक रूप से संतुलित रहने और परीक्षा के दिन सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए स्वयं को तैयार रखने की सलाह दी है। एनटीए ने दोहराया कि परीक्षा से जुड़ी किसी भी सूचना के लिए केवल उसकी आधिकारिक घोषणाओं और नोटिसों पर ही भरोसा किया जाना चाहिए, क्योंकि सोशल मीडिया पर प्रसारित कई जानकारियां भ्रामक हो सकती हैं।
एनटीए ने यह भी आश्वस्त किया है कि परीक्षा के सुरक्षित, निष्पक्ष और पारदर्शी संचालन के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की गई हैं। परीक्षा प्रक्रिया को सुचारु रूप से संचालित करने के लिए विभिन्न मंत्रालयों, राज्य सरकारों और सुरक्षा एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित किया गया है। इसके तहत बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है ताकि परीक्षा की विश्वसनीयता और पवित्रता पूरी तरह बनी रहे।
एजेंसी ने कहा कि किसी भी प्रकार की अनियमितता, कदाचार या परीक्षा प्रक्रिया को प्रभावित करने के प्रयासों के प्रति सख्त रुख अपनाया जाएगा। एनटीए के अनुसार परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है और इसके लिए सभी आवश्यक कदम उठाए गए हैं ताकि प्रत्येक अभ्यर्थी को समान और पारदर्शी अवसर मिल सके।
एनटीए ने बताया कि इस वर्ष परीक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत एवं प्रभावी बनाने के लिए पूर्व अनुभवों से सीख ली गई है। एजेंसी के अनुसार छात्रों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए परीक्षा प्रणाली में आवश्यक सुधार किए गए हैं, जिससे परीक्षा प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक सुदृढ़ और भरोसेमंद बन सके।
मानसिक दबाव या तनाव का सामना कर रहे विद्यार्थियों को सहायता लेने के लिए प्रोत्साहित करते हुए एनटीए ने बताया कि राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य हेल्पलाइन 14416 चौबीसों घंटे उपलब्ध है। इसके साथ ही अभिभावकों, शिक्षकों और समाज के अन्य वर्गों से भी अपील की गई है कि वे विद्यार्थियों को शांत, सहयोगात्मक और तनावमुक्त वातावरण उपलब्ध कराएं तथा किसी भी अपुष्ट या भ्रामक जानकारी को साझा करने से बचें।







