नेशनल डेस्क, आर्या कुमारी।
नयी दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना (पीवीबीआरवाई) के तहत लगभग 2400 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि वितरित करते हुए युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के प्रति केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। इस अवसर पर उन्होंने योजना के लाभार्थियों, उद्योग जगत के प्रतिनिधियों और अन्य हितधारकों को संबोधित किया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि देश के युवाओं को उनकी प्रतिभा, कौशल और कार्यक्षमता के कारण वैश्विक स्तर पर नई पहचान मिल रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि भारतीय युवाओं की क्षमता को दुनिया लगातार स्वीकार कर रही है और सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है कि युवा अपनी योग्यता और मेहनत के बल पर सफलता हासिल कर सकें।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना केवल रोजगार उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह युवाओं की पहली नौकरी से जुड़ी आकांक्षाओं को मजबूती देने वाली एक व्यापक पहल है। इस योजना का उद्देश्य उद्योगों और युवाओं के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना तथा रोजगार के अवसरों को बढ़ावा देना है, जिससे देश के आर्थिक विकास को नई गति मिल सके।
मोदी ने कहा कि अधिकांश सरकारी योजनाएं या तो कर्मचारियों अथवा नियोक्ताओं पर केंद्रित रहती हैं, लेकिन यह योजना दोनों पक्षों को समान रूप से सहयोग प्रदान करती है। इसके माध्यम से जहां युवाओं को रोजगार प्राप्त करने में सहायता मिल रही है, वहीं नए रोजगार सृजित करने वाले उद्योगों और संस्थानों को भी प्रोत्साहन दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार अपने व्यावसायिक जीवन की शुरुआत करने वाले युवाओं के साथ मजबूती से खड़ी है। रोजगार के अवसरों का विस्तार करने और औपचारिक कार्यबल को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न स्तरों पर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि अधिक से अधिक युवाओं को सामाजिक सुरक्षा और स्थायी रोजगार का लाभ मिल सके।
प्रधानमंत्री ने इस योजना को सरकार की प्रमुख रोजगार-संबद्ध प्रोत्साहन पहल बताते हुए कहा कि इसके प्रभाव से विभिन्न क्षेत्रों में सामाजिक सुरक्षा कवरेज का विस्तार हुआ है। योजना के तहत प्रदान किए गए प्रोत्साहनों ने देशभर में लगभग 15 लाख रोजगार अवसरों के सृजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, जिससे लाखों युवाओं को लाभ मिला है।
फ्रांस और स्लोवाकिया की यात्रा से लौटने के बाद आयोजित इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य ऐसा वातावरण तैयार करना है, जहां प्रत्येक युवा को अपनी प्रतिभा निखारने, रोजगार प्राप्त करने और देश की प्रगति में सक्रिय भागीदारी निभाने का अवसर मिल सके।







